Saturday, 18th November 2017

नीतीश के शपथ ग्रहण समारोह में भाजपा विरोधी नेताओं का लगेगा जमावड़ा

Thu, Nov 19, 2015 6:04 PM

पटना: बिहार के मुख्‍यमंत्री नीतीश कुमार का शुक्रवार को होने वाले शपथ ग्रहण समारोह भाजपा विरोधी ब्रिगेड को आपस में मिलने और जश्‍न मनाने का अवसर प्रदान करने जा रहा है। वर्ष 2014 में नरेंद्र मोदी को एनडीए की ओर से प्रधानमंत्री के रूप में पेश किए जाने के बाद नीतीश ने गठबंधन से दूर होने का साहसिक फैसला किया था।
नीतीश को मोदी के प्रबल राजनैतिक विरोधियों में शुमार किया जाता है। उनके शपथ ग्रहण में भाजपा के प्रबल विरोधी माने जाने नेता मौजूद रहेंगे। अपवाद के रूप में एनडीए गठबंधन में भाजपा की सहयोगी शिवसेना के प्रतिनिधि भी कार्यक्रम में शिरकत करेंगे। वैसे भी शिवसेना की इस समय भाजपा के साथ कई मुद्दों पर 'पटरी' नहीं बैठ रही हैं।
शपथ ग्रहण समारोह में जो भाजपा विरोधी नेता नेता मौजूद रहेंगे उनमें दिल्‍ली के मुख्‍यमंत्री अरविंद केजरीवाल प्रमुख हैं। इस वर्ष के प्रारंभ में दिल्‍ली के विधानसभा चुनाव में भाजपा को 'पटखनी' देने के बाद वे मोदी के खिलाफ झंडा बुलंद किए हुए हैं। पश्चिम बंगाल की मुख्‍यमंत्री ममता बनर्जी भी समारोह में शिरकत करेंगी। इन दोनों के अलावा कांग्रेस उपाध्‍यक्ष राहुल गांधी, केरल के मुख्‍यमंत्री ओम्‍मन चांडी, हिमाचल प्रदेश के मुख्‍यमंत्री वीरभद्र सिंह की समारोह में उपस्थित रहेंगे। भाजपा विरोधी अन्‍य नेताओं में तमिलनाडु के पूर्व मुख्‍यमंत्री एम. करुणानिधि के पुत्र एमके स्‍टालिन और जम्‍मू-कश्‍मीर के पूर्व मुख्‍यमंत्री उमर अब्‍दुल्‍ला भी कार्यक्रम का हिस्‍सा होंगे।
समाजवादी पार्टी के ऐनमौके पर नीतीश-लालू की अगुवाई वाले महा गठबंधन से अलग होने के बाद उत्‍तरप्रदेश के सीएम अखिलेश यादव भी समारोह में उपस्थित रहेंगे। गौरतलब है कि यूपी में वर्ष 2017 में विधानसभा चुनाव होने हैं।नीतीश की पार्टी जनता दल यूनाइटेड (जेडीयू) के प्रवक्‍ता अजय आलोक ने कहा, 'विपक्षी दलों का एक वृहद गठबंधन वैसे भी इस समय काम कर रहा है, ऐसे में यह समारोह इसके नेताओं के मिलने का एक अच्‍छा अवसर होगा।'
अपवाद की बात करें तो केंद्र और महाराष्‍ट्र में भाजपा के साथ सरकार का हिस्‍सा बनी शिवसेना  प्रतिनिधि भी शपथ ग्रहण समारोह में रहेंगे। गौरतलब है कि शिवसेना और भाजपा के बीच हाल के समय में कई मुद्दों पर तनातनी की स्थिति निर्मित हुई है। यहां तक कि बिहार चुनाव के नतीजों के बाद उद्धव ठाकरे की पार्टी मुक्‍त कंठ से नीतीश की प्रशंसा कर चुकी है। हालांकि उद्धव समारोह में शामिल नहीं हो रहे हैं, लेकिन शिवसेना के दो मंत्री इसमें जाएंगे।
नीतीश ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को भी समारोह में शामिल होने का न्‍योता भेजा गया है, लेकिन उनकी बजाय केंद्र सरकार के भाजपा कोटे के दो मंत्री समारोह में मौजूदगी दर्ज कराएंगे। हालांकि यह मौजूद एक सामान्‍य शिष्‍टाचार के तौर पर ही होगी।

Comments 0

Comment Now


Videos Gallery

Poll of the day

शिवराज सरकार किसानों को बर्बाद क्यों कर रही है?

31 %
9 %
59 %
Total Hits : 77345